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Sunday, August 31, 2008

जज्बात




अपने जज्बात को,
नाहक ही सजा देती हूँ...

होते ही शाम,
चरागों को बुझा देती हूँ...



जब राहत का,
मिलता ना बहाना कोई...

लिखती हूँ हथेली पे नाम तेरा,
लिख के मिटा देती हूँ......................

Wednesday, March 5, 2008

चाहत

चाहते है तुम्हें , यह कहना है मुश्किल,
पर कहे बिना भी, अब रहना है मुश्किल-
न जाने कैसे कटी, जिंदगी अब तक,
तुम बिन अब तो, एक पल रहना है मुश्किल-
सोचा न था, कि चाहेंगे किसी कों इस हद तक-
अब चाहा है तुम्हें, तो इजहार करना है मुश्किल-
सोचते है इस बार, तुम्हें देखेंगे जी भर,
पर तुम्हारी नजरों से, नजरें मिलाना है मुश्किल-
चाहते है तुम्हारे दामन मे, सिमट रहे उम्रभर,
पर तुम्हारे नजदीक, जाना है मुश्किल ॥

Friday, January 25, 2008

गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं

कामना

नहीं चाहती राज्य जगत का,
न ही स्वर्ग का सुख भोग।

नहीं मोक्ष की मुझे कामना,
और न ही कीर्ति का है मोह॥

यही चाह है जब तक जिऊँ,
कहता है मेरा यह मन।

मातृ भूमि की सेवा मेँ ही,
सदा बिताऊँ निज जीवन॥

(यह किविता १९९४ मे लिखी गयी)

Sunday, November 4, 2007

सच्चाई

चढ़ते सूरज को सब जल देंगे,
ढलेगा तो मुड़ कर चल देंगे........

Saturday, August 18, 2007

सिर्फ तुम्हारे लिए

सिले सिले होटों से
कैसे कहूँ की मैं तुम्हे चाहती हूँ।
मुंदी मुंदी आंखों से
कैसे बोलूं
कि तुम कितने अच्छे हो।
बंधे बंधे हाथों से
तुम्हे कैसे बांधू
कि तुम वही हंसी ख्वाब हो,
जो मेरे सपनो मे
हर पूर्णिमा की रात
सफ़ेद घोड़े पर सवार
आकाश से उतरते हो।
रुके रुके पांवों से
तुम्हें कैसे रोकुं
क्यूंकि हवा की तरह
मेरे बगल से रोज बहते हो।
सिर्फ खुला है
मेरे ह्रदय का कपाट
झांक कर देखो
एक मंदिर सा बाना है अन्दर
तुम्हारे लिए.....
सिर्फ तुम्हारे लिए..........

Friday, August 10, 2007

बेदाग चांद


पूर्णिमा की दहकती रात मे
कभी देखा है प्रिये
तुमने, वो बेदाग़ चांद.............

हो जैसे दुल्हन की कलाई मेँ
हीरों जाड़ा कंगन,

या फिर- बिरहन के माथे पर
कुमकुम की बिखरी बिंदिया,

या फिर मोम की गुड़ियों मे
पिघलता सोना,

या फिर रुपहली मौजों पर
थिरकते नव-नर्तकी के पांव,

या फिर महताब सा आईने मे उभरा
तुम्हारा अक्स,

कभी देखा है प्रिय
तुमने वो बेदाग चांद................

Thursday, June 28, 2007

If oneday ,,.......

If oneday ,,.......
if oneday u feel like crying...............................
call me .................
i don't promise u that.................................
i will make u laugh .......................
but i can cry with u,
If one day u want to run away .....................
don't be afraid to call me .......................
I dont promise to ask you to stop..........
but i can run with u.......................
If oneday you don't want to listen to anybody..................
Call me and ............
I promise to be very quite...............
but.............
if one you call and there is no answer..................
come fast to see me..................
perhaps i need u...........?

Tuesday, May 8, 2007

I Asked the Loard to Bless You...

I asked the Lord to bless you-
As i prayed for you today,
To guide you and protect you-
As you go along your way....

His love is always with you-
His promises are true,
And when we give Him all our cares-
You know he wil see us through...

So when the road you're traveling on-
Seems difficult at best,
Just remember I'm here praying-
And God wil do the rest...


NOTE:- This pray for you, all my friends........

Monday, May 7, 2007

I Love You

I love you not only for what you are-
But for what I am when I am with you..

I love you not only for what you have made of yourself-
But for what you are making of me..

I love you for the part of me-
that you wil bring out..

I love you for passing over my foolish and weak trails-
That no one else had loved quite far enough to find..